tag:blogger.com,1999:blog-10323440.post3568740189339276975..comments2007-12-09T03:51:36.968+05:30Comments on प्रतिभास: तुष्टीकरण : कैसे-कैसे रूप !अनुनाद सिंहhttp://www.blogger.com/profile/05634421007709892634noreply@blogger.comBlogger6125tag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-31808930494438786862007-12-09T03:51:00.000+05:302007-12-09T03:51:00.000+05:30इसका कुछ तो इलाज होना चाहिये।इसका कुछ तो इलाज होना चाहिये।रजनीश मंगलाhttp://www.blogger.com/profile/08365898829052109147noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-63158731426160222802007-12-08T11:02:00.000+05:302007-12-08T11:02:00.000+05:30वन-लाइनर अनुनाद इतना सक्रीय क्यों है? :)वन-लाइनर अनुनाद इतना सक्रीय क्यों है? :)संजय बेंगाणीhttp://www.blogger.com/profile/07302297507492945366noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-18902105194807969522007-12-07T16:41:00.000+05:302007-12-07T16:41:00.000+05:30आज तो चिट्ठों में हर ओर अनुनाद का ही अनुनाद है. ये...आज तो चिट्ठों में हर ओर अनुनाद का ही अनुनाद है. ये तेवर .. ये चढ़ी हुई त्‍यौरियां.. यह तो एकदम नया चेहरा है आपका. लेकिन पसंद आया.Sanjayhttp://www.blogger.com/profile/06768651360493259810noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-83546884986009205702007-12-07T14:00:00.000+05:302007-12-07T14:00:00.000+05:30कौरव रक्खें धरती तमाम। तुष्टीकरण से छोड़ दें पांच ग...कौरव रक्खें धरती तमाम। तुष्टीकरण से छोड़ दें पांच गांव!<BR/>लेवल प्लेइंग फील्ड का छोटा हिस्सा भी पूरे देश पर भारी पड़ेगा। <BR/>पर वह भी कैसे होगा?Gyandutt Pandeyhttp://www.blogger.com/profile/05293412290435900116noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-17156932670886507872007-12-07T12:50:00.000+05:302007-12-07T12:50:00.000+05:30बालकिशन जी,तस्वीर सामने से ही देखी जाती है. दूसरा ...बालकिशन जी,<BR/><BR/>तस्वीर सामने से ही देखी जाती है. दूसरा पहलू तो सफाचट होता है. क्या देखियेगा उसमें? अनुनाद सिंह जी ने अपना पहलू रखा है. दूसरा पहलू तो दूसरे लोग देते ही हैं.Shiv Kumar Mishrahttp://www.blogger.com/profile/16210136982521324733noreply@blogger.comtag:blogger.com,1999:blog-10323440.post-37850999020182841082007-12-07T11:04:00.000+05:302007-12-07T11:04:00.000+05:30रख के दिए है एकदम झक्कास.पर अगर तस्वीर का कोई दूसर...रख के दिए है एकदम झक्कास.<BR/>पर अगर तस्वीर का कोई दूसरा पहलू है तो उसे भी पेश किया जाय.<BR/>दूसरा पहलू है जरुर आपने अपने नज़र की बात है.बाल किशनhttp://www.blogger.com/profile/18245891263227015744noreply@blogger.com